उच्चतम न्यायालय के सेवानिवृत न्यायाधीशों के लिए कहां पर वकालत करने की मनाही है?

भारत में उच्चतम न्यायालय के न्यायाधीश के रूप में नियुक्ति के लिए निम्नलिखित में से कौन-सी अर्हता अनिवार्य नहीं है?

(a) भारत का नागरिक होना चाहिए

(b) आयु कम-से-कम 35 वर्ष होनी चाहिए

(c) एक या अधिक उच्च न्यायालयों में कम-से-कम 10 वर्ष

तक एडवोकेट के रूप में प्रैक्टिस कर चुका हो

(d) एक प्रतिष्ठित विधिवेत्ता होना चाहिए

उत्तर-(b)

व्याख्या- भारत में उच्चतम न्यायालय के न्यायाधीश के रूप में नियुक्ति हेतु किसी व्यक्ति के लिए आवश्यक है कि वह किसी उच्च न्यायालय (या दो या अधिक उच्च न्यायालयों का) दस वर्ष तक अधिवक्ता रहा हो।

संविधान के अनुच्छेद 124 (3) के अनुसार, अन्य अर्हताएं भी उसे उच्चतम न्यायालय का न्यायाधीश बना सकती हैं, यदि वह व्यक्ति किसी उच्च न्यायालय का पांच वर्ष तक न्यायाधीश रहा हो या राष्ट्रपति की राय में पारंगत विधिवेत्ता हो। इन सभी अर्हताओं के अतिरिक्त उसे भारत का नागरिक होना आवश्यक है।

उच्चतम न्यायालय के सेवानिवृत न्यायाधीशों के लिए कहां पर वकालत करने की मनाही है?

(a) उच्चतम न्यायालय के अलावा किसी अन्य न्यायालय में

(b) भारत के किसी भी न्यायालय में

(c) उच्च न्यायालयों से नीचे किसी भी न्यायालय में

(d) किसी भी फौजदारी अदालत में

उत्तर-(b)

व्याख्या- उच्चतम न्यायालय के सेवानिवृत न्यायाधीशों को किसी भी भारतीय न्यायालय में वकालत करने की मनाही है। अनुच्छेद 124(7) के अनुसार, उच्चतम न्यायालय का न्यायाधीश भारत के राज्य क्षेत्र के भीतर किसी न्यायालय या किसी प्राधिकारी के समक्ष प्रैक्टिस नहीं करेगा

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